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मध्यप्रदेश पॅावर ट्रांसमिशन कम्पनी लिमिटेड

( मध्यप्रदेश शासन का उपक्रम )    

"विल पॅावर टू व्हील द पॅावर"

उपलब्धियाँ

म.प्र. पॉवर ट्रांसमिशन कम्पनी लिमिटेड भारत की राज्य स्वामित्व ट्रांसमिशन कम्पनियों में से एक अग्रणी कम्पनी है। म.प्र. पॉवर ट्रांसमिशन कम्पनी लिमिटेड ने अपना व्यापार वर्ष 2002 से आरंभ कर दिया था। उत्कृष्टता के मापदंडों को कायम रखते हुए वर्ष दर वर्ष कम्पनी की सराहना विभिन्न तिमाहियों में एवं विशिष्ट समारोहों में की जाती रही है। कम्पनी को प्रदत्त सम्मानों/पुरूस्कारों का विवरण निम्नानुसार है:-

चार्लटन मीडिया ग्रुप, सिंगापुर :-
i. एशियन ट्रांसमिशन व वितरण परियोजना वर्ष 2006 का पुरूस्कार कम्पनी को विषम परिस्थितियों के बावजूद, इंदिरा गांधी 1000 मेगा वॉट जल विद्युतीकरण परियोजना से उत्पादित ऊर्जा के शीघ्र एवं समय-सीमा में निकास हेतु प्रदान किया गया।
ii. एशियाई पॉवर यूटिलिटी (2006):- कम्पनी को यह पुरूस्कार सर्वश्रेष्ठ समग्र प्रदर्शन हेतु प्रदान किया गया।

ऊर्जा मंत्रालय भारत शासन, सिल्वर शील्ड:- 400 के.व्ही. इंदिरा सागर-इंदौर लाइन को वर्ष 2005-06 में अतिशीघ्र पूर्ण करने के लिये माननीय प्रधानमंत्री द्वारा यह पुरूस्कार मार्च-2007 में प्रदान किया गया।

इंडिया-टेक फाउंडेशन मुंबई:- इंडिया टेक उत्कृष्टता पुरूस्कार 2007, कम्पनी को ऊर्जा के क्षेत्र में सुधार गतिविधियों के लिये की गई पहल के उत्कृष्ट समग्र प्रदर्शन हेतु द्वितीय विजेता के रूप में प्रदान किया गया।

इंडिया पॉवर अवार्ड 2008:- काउंसिल आफ पॉवर यूटीलिटीज, नई दिल्ली द्वारा कम्पनी को कुशल परियोजना प्रबंधन की पद्धतियों के लिये, ट्रांसमिशन क्षेत्र में समग्र उत्तम प्रदर्शन के लिये सम्मानित किया गया।

ऊर्जा मंत्रालय भारत सरकार (गोल्ड शील्ड):- 220 के.व्ही. उपकेन्द्र, पीथमपुर में 160 एम.व्ही.ए. के पॉवर ट्रांसफार्मर की स्थापना/प्रवर्तन कार्य को अतिशीघ्र पूर्ण करने हेतु माननीय ऊर्जा मंत्री भारत शासन द्वारा मार्च 2008 में गोल्ड शील्ड प्रदान की गई।

इंडिया पॉवर पुरूस्कार 2011:- ट्रांसमिशन सिस्टम में एम.व्ही.ए.आर. को परिचालित कर बिना किसी वित्तीय व्यय के ट्रांसमिशन हानि को कम करने की नई तकनीकी को विकसित किया। इस प्रकार रूपांकन, क्रियान्वयन एवं संचालन क्षेत्र में अभिनव प्रयोग हेतु नवंबर 2011 में पुरूस्कार प्रदान किया गया।

ऊर्जा मंत्रालय, भारत शासन (रजत शील्ड):- मार्च 2012 में, 220 के.व्ही. उपकेन्द्र, कोटर का कार्य अतिशीघ्र पूर्ण करने हेतु ऊर्जा मंत्रालय भारत शासन द्वारा रजत शील्ड से पुरूस्कृत किया गया।

इंडिया पॉवर अवार्ड 2008:- काउंसिल आफ पॉवर यूटीलिटीज, नई दिल्ली द्वारा नवंबर 15 में कम्पनी को 8वां इंडिया पॉवर अवार्ड, ऊर्जा क्षेत्र में बहुमूल्य योगदान प्रदान करने एवं असाधारण परियोजना श्रेणी में, जन भागीदारी योजना के तहत् 400 के.व्ही. सतपुड़ा, आष्टा ट्रांसमिशन लाइन को पूर्ण करने हेतु प्रदान किया गया।

कम्पनी द्वारा ट्रांसमिशन हानि स्तर को कम करके वर्ष 2014-15 में 2.82% के स्तर तक लाया गया जो कि पूर्व में कम्पनी के निगमित वर्ष 2001-2002 के समय में विद्यमान ट्रांसमिशन हानि स्तर 7.93% की तुलना में उल्लेखनीय रूप से अत्यंत कम है। इसी प्रकार ट्रांसमिशन क्षमता को भी कम्पनी के निगमित होने के वर्ष से 3980 मेगावाट से बढ़ाकर 12600 मेगावाट स्तर पर लाया गया है। उपरोक्त मापदण्ड निर्दिष्ट करते हैं कि विगत 13-14 वर्षों में कम्पनी द्वारा ट्रांसमिशन सिस्टम में उनके विस्तारित योजनाओं को कर्यान्वित कर उसके सशक्तीकरण का महत्वपूर्ण कार्य किया गया है।